Hindi - Constantine In

यहाँ विषय "कॉन्स्टेंटाइन" पर हिंदी में एक लेख प्रस्तुत है:

कॉन्स्टेंटाइन एक जटिल शख्सियत थे। एक ओर, उन्होंने ईसाई धर्म को उत्पीड़न से मुक्ति दिलाई और उसे साम्राज्य का प्रमुख धर्म बनाया। दूसरी ओर, वे अपने निजी जीवन में क्रूर भी थे — उन्होंने अपनी पत्नी फ़ॉस्टा और अपने बड़े बेटे क्रिस्पस को मौत की सज़ा दी थी। constantine in hindi

305 ईस्वी में डायोक्लेटियन के सेवानिवृत्त होने के बाद सत्ता के लिए खूनी संघर्ष शुरू हो गया। कॉन्स्टेंटाइन अपने पिता की सेना में शामिल हो गए और 306 ईस्वी में पिता की मृत्यु के बाद सेना ने उन्हें सम्राट घोषित कर दिया। इसके बाद के वर्षों में, उन्हें कई विद्रोहियों और प्रतिद्वंद्वी शासकों से लोहा लेना पड़ा। constantine in hindi

कॉन्स्टेंटाइन का जन्म लगभग 272 ईस्वी में मेसिया (आधुनिक सर्बिया) में हुआ था। उनके पिता कॉन्स्टेंटियस क्लोरस रोमन सेना के एक उच्च अधिकारी थे और बाद में पश्चिमी रोमन साम्राज्य के सम्राट बने। कॉन्स्टेंटाइन ने अपनी युवावस्था का अधिकांश समय सम्राट डायोक्लेटियन के दरबार में बिताया, जहाँ उन्होंने सैन्य और प्रशासनिक कौशल सीखे। constantine in hindi

प्रभावित होकर, कॉन्स्टेंटाइन ने अपने सैनिकों की ढालों पर ईसाई प्रतीक 'क्राइस्टोग्राम' (Chi-Rho) बनवा दिया। मिल्वियन ब्रिज के युद्ध में उन्होंने मैक्सेंटियस को बुरी तरह पराजित किया। यह जीत रोमन साम्राज्य के लिए तो चरम पर थी ही, साथ ही इसने कॉन्स्टेंटाइन को ईसाई धर्म की तरफ झुका दिया। हालाँकि उनका पूर्ण बपतिस्मा अपने जीवन के अंतिम समय (337 ईस्वी) में हुआ, लेकिन इस घटना के बाद से वे ईसाई धर्म के संरक्षक बन गए।